Compilation of the 9th edition of the Directory of Best Indian Blogs in full swing. Please suggest good blogs.

Friends, 

As in earlier years, the next edition of the directory of the topmost Indian blogs in English will come out on 1st June. We are already on the job and will accept entries by April end.

If you have any blog to suggest or your blog was there in the directory but lost due to low frequency or some other reason in 2018 edition, do suggest the blog by writing to kp.nd.2008@gmail.com

Best Indian blogs in English for 2019

We do not charge any fee from bloggers for adding their blog to any of our blog listings. The eligibility criteria for inclusion of a blog is the best blogs' directory are given in this section on the right sidebar: Considerations for Directory Compilation.

ITB reverting to its original mandate

IndianTopBlogs was started in 2010 end mainly to showcase top Indian blogs. In the meantime, we got support from some friends and expanded it into reviewing blogs, showcasing blogs by publishing posts exclusively on individual blogs, publishing tips on almost all aspects of blogging, social media discussions and so on. We also carried social media and blogging updates on almost weekly basis. At one time, we also offered some stock photos for free.

We also reviewed a thousand blogs in detail and another thousand with quick observations. 

In doing so, we received patronage of bloggers not only from India but from a number of other countries. We also received a few offers for purchase of ITB, but  to be frank they were not lucrative. 

Offers also came for affiliations and placing product ads; we did not accept any because they did not meet our ethical standards. However, we ran a series of social ads for free. 

We reviewed a number of programs and software, and we carried prominent disclosures about our dealings with the product producer/ seller.

best Indian blogs
 

Renewing our commitment towards Indian blogs


... and limiting our scope of work. We have decided to focus on finding good Indian blogs and running the Directory of Best Indian Blogs and the Directory of Best Hindi Blogs. Besides, we will continue to carry blogging tips in Hindi that we already have on the blog - we would update them and add some more but rarely.

As for our archives of about 700 posts, we are deleting half of them because they were transitional in nature. Of the rest, we have freely shared most of them with a dozen Indian bloggers who have been writing on blogging and social media - and they will be free to use them as they like, and give us credit if they use the posts without their own editing/ contribution. We are retaining our posts relating to our observations on Indian blogosphere. Posts relating to directory compilation and lists specific to different niches will also be there. The observations on Hindi blogosphere will also be available. 

We had stopped receiving comments, but we would like to receive blog recommendations and also your valuable feedback on directories. We have opened the comment box again. Do write to us.

Simple and effective blog design on Blogger: ब्लॉग का प्रभावी डिज़ाइन: करिए एक सुगम प्रयोग ब्लॉगर पर

This post is devoted exclusively to blogging in Hindi and is in Hindi language. We'll come up with the next English post in a few days.
Top Hindi blogs
ऋतु का ब्लॉग: पूरा बन जाने के बाद
यह पोस्ट हिंदी के ब्लॉगर साथियों के लिए है. हिंदी के ब्लॉगर्स लिखते तो सुन्दर हैं लेकिन उनके ब्लॉगों में अधिकतर में डिज़ाइन (web design) का ध्यान नहीं रखा जा रहा है जिसकी वजह से उनका ब्लॉग या तो फूहड़ लगने लगता है, या फिर डिज़ाइन की खामी के कारण लोग मुख पृष्ठ से सही विषय-वस्तु तक नहीं पहुँच पाते.

अगर आप हिंदी के नए ब्लॉगर हैं, अपने ब्लॉग की रूप-सज्जा से खुश नहीं हैं या आप अपने ब्लॉग से संतुष्ट हैं लेकिन कोशिश में रहते हैं कि इसे कैसे और ज़्यादा उत्कृष्ट बनाया जाए, तो यह पोस्ट आपके लिए है.

वेबसाइट डिज़ाइन ( web design) के बारे में कई अवधारणाएं पैदा होती रही हैं जो रिसर्च, सर्वे आदि से या तो बलवती होती गईं या फिर टूट गईं. उन सब में नहीं उलझते, लेकिन एक-दो बातें जो वेबसाइट डिज़ाइन के बारे में गाँठ बाँधने लायक हैं, उनका ज़िक्र ज़रूरी है:

- एक तो यह कि डिज़ाइन ऐसा होना चाहिए जिससे साइट में उपलब्ध सामग्री तक पहुँचने में मदद मिले.

- दूसरा यह कि जो सामग्री बहुत महत्वपूर्ण है उसे सामने लाया जाए.

- तीसरा ये कि वेबसाइट में सामग्री व्यवस्थित हो, न कि बिखरी हुई.

- रंगों का प्रयोग ब्लॉग के विषय, ब्लॉग में आने वालों की उम्र और पसंद, पठनीयता जैसे कारकों को ध्यान में रखकर किया जाए. रंग प्रायः कम हों और आँखों को न चुभें.

- और अंततः, वेबसाइट एक लाइब्रेरी या रुचिपूर्ण तरीके से सजायी दूकान या घर जैसा लगे, कबाड़ख़ाने जैसा नहीं.

यह तो हुई डिज़ाइन पर त्वरित चर्चा. अब चलते हैं एक फ्री ब्लॉग बनाने जिसमें इन बातों का पूरी तरह ध्यान रखा गया है.

 हम तो यह कहेंगे कि अगर आपके अभी के ब्लॉग में इतनी सारी पोस्टें और गैजेट नहीं हैं जो एक सीधे-सादे ब्लॉग में नहीं समा सकते तो इस ब्लॉग को भी नए रूप में ढालने की सोचिए. अगर ऐसा करना है तो पहले अपने अभी के ब्लॉग को स्टोर (बैकअप) कर लीजिये ताकि अगर कोई गलती हुई तो अभी का ब्लॉग ख़राब न हो जाए. इसके लिए क्या करना है वह इस पोस्ट के अंत में दिया हुआ है.

हो जाइए तैयार हमारे साथ सरल लेकिन प्रभावी ब्लॉग बनाने के लिए.How to make a blog that is simple, yet effective:

हम आपको ब्लॉगर (Blogger) पर ब्लॉग बनाना बताएंगे (वर्डप्रेस (Wirdpress.com) पर उम्दा ब्लॉग बनाना भी उतना ही आसान है.) हमने पहले भी ब्लॉगर पर नया ब्लॉग खोलने की विधि बताई है लेकिन इस नई पोस्ट का मक़सद उससे आगे का है: वेब डिज़ाइन के सिद्धांतों को समझ कर ब्लॉग को सजाने-संवारने का.  

ब्लॉगर  के साथ यह बहुत बड़ी बात है कि बिना वर्तमान में अपनी पोस्ट, विजेट (या गैजेट) आदि का नुक्सान करके आप कभी भी ब्लॉग का डिज़ाइन क़रीब-क़रीब पूरी तरह बदल सकते हैं. अगर शुरू से चलें तो आपको इतनी चीजों की ज़रुरत होगी:
  • गूगल अकाउंट
  • लैपटॉप या डेस्कटॉप
  • इंटरनेट कनेक्शन
दो और बातें.
  • हम नहीं चाहते कि ब्लॉगर हिंदी में खुले. ऐसा करने से आपको कई जगह अटपटे अनुवाद मिल सकते हैं जिनका न सर होता है न पैर. इसलिए हमने ब्लॉगर को इंग्लिश में ही रख छोड़ा है. 
  • दूसरे, आपको शुरुआत में ही कई जगह हिंदी में लिखना पड़ेगा, जैसे कि ब्लॉग का शीर्षक. इसके लिए आप किसी भी हिंदी टूल से हिंदी लिखकर कॉपी करके दी गई जगह में चिपका सकते हैं (=पेस्ट कर सकते हैं).  अगर आपको और कोई टूल नज़र नहीं आ रहा तो इधर क्लिक करें:  Try Google Hindi Input Tools.
  • हाँ, आपको यह तो पता होगा ही कि Blogger पर पोस्ट हिंदी में लिखनी हो तो पोस्ट एडिटर में 'अ' या 'A' लिखे हुए लिंक पर क्लिक करके आप हिंदी में टाइप कर सकते हैं.
अपने ब्राउज़र (इंटरनेट एक्स्प्लोरर / मोज़िल्ला फायरफॉक्स / क्रोम) में गूगल अकाउंट  खोल लीजिये. एक नई टैब में blogger.com खोलिए. ब्लॉग का नाम पता भरने के बाद Simple डिज़ाइन चुनिए और आगे बढ़िए. आपका ब्लॉग तैयार है. अगर यहाँ तक पहुँचने के लिए मदद चाहिए तो इस पोस्ट पर जाइए (लिंक: How to start a blog: Hindi) हम एक-एक करके ये काम करेंगे:
  • ब्लॉग के ऊपरी हिस्से में मेनू-बार (menu bar) लगाएंगे.
  • मुख्य कॉलम और साइडबार (sidebar) की संख्या और इनकी चौड़ाई तय करेंगे.
  • सादगी वाले फोटो या रंग की पृष्टभूमि (blog background) बनाएंगे.
  • ब्लॉग को शीर्षक (title) देंगे और उसके पीछे रंग भरेंगे.
  • साइडबार में ज़रूरी गैजेट (gadget/ widget) रखेंगे.
  • सामग्री को व्यवस्थित करने के किए उनमें टैग लगाना (tagging/ labeling) तय करेंगे.
   

ब्लॉग का शीर्षक और परिचय देना Giving title and description to the blog

इन सबके लिए हमें ब्लॉग के मुख्य मेनू [चित्र 1] में जाना है जो ब्लॉगर खोलने के बाद ब्लॉग के नाम में क्लिक करने पर आता है.


Start blog in Hindi
चित्र 1
क्लिक करिए Settings पर, फिर Title के आगे Edit को खोलकर पसंदीदा शीर्षक दे डालिए.  इसके नीचे Save Changes का बटन दबाइए . इसके नीचे Description के Edit को खोलकर ब्लॉग का छोटा सा परिचय दीजिए (क़रीब 4-5 शब्दों में). इसके नीचे Save Changes का बटन दबाइए. Title और Description को बहुत सोच-समझ कर बनाएं क्योंकि ब्लॉग पर आने वाले लोग और Google इनसे इस बात का पता लगाने की कोशिश करते हैं कि ब्लॉग किस विषय पर है और इसकी सामग्री कितनी अच्छी है.

साइडबार / कॉलम की चौड़ाई घटाना बढ़ाना Changing the width of blog's sidebar/ columns

क्लिक करिए Theme पर (पहले इसे टेम्पलेट कहते थे) और फिर Customize पर. अगली विंडो में क्लिक करिए Layout पर. इसमें चित्र 2 की तरह के ऑप्शन को क्लिक कर लीजिए.
Hindi blogging
चित्र 2
अब क्लिक करिए Adjust widths पर. ऊपर के स्लाइडर को दाँए -बाँए करके 1000 पर लाइए. नीचे के स्लाइडरों को 230 और 250 पर रखिए.

ब्लॉग की पृष्ठभूमि में चित्र लगाना या रंग भरना Putting an image or filling color as blog background

Open blog in Hindi
चित्र 3
Background पर क्लिक करिए. चित्र 3 की तरह आप चाहें तो किसी हलके रंग के ड्राइंग को चुन लें और Done पर क्लिक करें. या फिर कोई ड्राइंग नहीं चुनें. नीचे की विंडो में देखते रहें और रंगों / ड्राइंग / चित्रों से प्रयोग करते रहें  जबतक आपको ब्लॉग के रंग बहुत मनभावन न लगें. हमारी राय है कि हलके नीले (या फिर मटमैले) रंग ज़्यादातर ब्लॉगों पर फबते हैं. अगर फैशन / थिएटर / सिनेमा / बागवानी / फोटोग्राफी जैसे विषयों पर, बच्चों के या  किसी रंगीन लम्हे पर ब्लॉग बना रहे हों तो ज़रूर बहुरंगी और चटकीले ड्राइंग चुनें. इस तरह के विषयों पर तो आप अपनी किसी फोटो को भी चुन सकते हैं. इसके लिए चित्रों की लिस्ट के ऊपर Upload image [ देखें चित्र 3] पर क्लिक करें.
top Hindi blogs
चित्र 4

शीर्षक के पीछे चित्र लगाना Putting image behind blog title

सबसे ज़्यादा समय हम लगाएंगे Layout  मेनू पर जैसा चित्र 4 में दिखाया गया है. इसको खोलते ही आपको अपने ब्लॉग का नक्शा दीखता है, याने क्या वस्तु कहाँ पर लगी है. टॉप में देखिए Header को. इसपर लिखे Edit को खोलिए. आपने जो शीर्षक और ब्लॉग-परिचय पहले दिए थे वह नई विंडो में दिख रहे होंगे. इसके नीचे लिखा है Image और उसके सामने Upload. इसे क्लिक करके कम्प्यूटर से एक फोटो चुनकर यहां लगानी है हमें.

हमने जो ब्लॉग यहां पर दिया है (ऋतु का ब्लॉग), उसमें हमने एक पट्टी लेकर उसपर कपड़ों, किताबों आदि की छोटी फोटोएं चिपका दीं: ऋतु के ब्लॉग की पट्टी

ध्यान रहे कि यह पट्टी ब्लॉग की चौड़ाई (जैसे कि हमने ऊपर Adjust widths में जा कर इसे 1000 कर दिया था.) के बराबर और पतली (करीब 50-100 pixels) हो. इस विंडो में Image के नीचे लिखा है Behind title and description. इसपर क्लिक करें, फिर save पर. आप edit से बाहर आ गए?

Blog layout design in Hindi
चित्र 5

ब्लॉग के पृष्ठों को मेनूबार में लगाना Linking blog pages on the menu bar

अब Layout में, Cross-Column के नीचे लिखे Add a Gadget को खोलिए और Pages गैजेट को चुन लीजिए. यहां पर हम Pages गैजेट लगाएंगे ताकि हमारे Pages मेनू-बार की तरह शीर्षक के नीचे आ जाएं. (ब्लॉगर में डायरी के पृष्ठ की तरह लिखे जाने वाले लेखों को post और स्थाई रूप में लिखे जाने वाले पृष्ठों को page कहते हैं.) इसके लिए Select all पर क्लिक करें, फिर save कर लें [चित्र 5].

अगर अभी ब्लॉग में Pages नहीं हैं तो एक-दो पेज बनाकर इस मेनू पर फिर से आइएगा. अगर चुने हुए pages को ही यहां लगाना चाहें तो ऐसा भी इसी विजेट पर कर सकते हैं.

उपयोगी गैजेट्स का समावेश Putting useful widgets on the blog

अब हम एक-एक करके उपयोगी गैजेट्स (या widgets)  को ब्लॉग के साइडबार में लगाते जाएंगे [चित्र 5]. Layout मेनू में बाँए साइडबार में बारी-बारी से इन गैजेट्स को लगा कर save करते चलिए: Contact Form, Archives, Labels, Favorite Posts अब Layout मेनू में ही दाँए साइडबार में इन गैजेट्स को लगा कर सेव करिए: Blogroll, AdSense. इन कॉलम में आप अपने पसंदीदा गैजेट लगा सकते हैं. इस layout में ब्लॉग के नीचे वाले हिस्से में कई गैजेट्स के लिए जगह है, उनमें आप बैज या कोई और गैजेट लगा सकते हैं. AdSense गैजेट तभी काम करती है जब गूगल ने आपका AdSense अकाउंट मंज़ूर कर दिया हो. इससे आपके ब्लॉग में विज्ञापन आते रहते हैं और अगर आपका ब्लॉग मशहूर हो गया हो तो स्वतः ही आपकी कमाई होती रहती है. (ऋतु के ब्लॉग में हमने एक AdSense गैजेट दाहिने कॉलम में सब ऊपर और एक पोस्टों के बाद लगा रखी है.) Layout मेनू में ही विंडो के ऊपरी भाग में दिए हुए Save Arrangement बटन को दबाकर View Blog पर क्लिक करिए. अगर आपको ब्लॉग के किसी भाग में परिवर्तन करना है, कि आपकी रुचि के मुताबिक़ ब्लॉग बहुत ज़्यादा ही सादगी वाला लगता हो या आपको कुछेक और गैजेट्स की ज़रूरत लग रही हो, तो ऊपर किए गए तरीके से फिर Theme और Layout मेनू में जाकर मनपसंद रंगों, पृष्ठभूमि की फोटो आदि में आवश्यक परिवर्तन कर लें. हो गया आपका ब्लॉग तैयार!

आप थीम में बदलाव के जितने चाहें प्रयोग करें कर लें.  बस ध्यान रहे कि दाहिने हाथ के ऊपरी कोने पर Ápply to blog' पर क्लिक तभी करें जब आप अपने प्रयोग से संतुष्ट हो जाएं.

अब ब्लॉगर में कई नयी theme आ गयी हैं, आप चाहें तो उन्हें भी Theme, और फिर Customize में जाकर लगा सकते हैं. अगर पहले की theme से आप संतुष्ट हैं लेकिन नया प्रयोग कर रहे हैं तो कोई बात नहीं. जब आप theme बदलते हैं तो Blogger आपको इस बात के लिए alert करता है कि अपनी पहले की theme को save कर लीजिये. ऐसा ज़रूर करिए और अगर नयी theme बाद में अच्छी न लगे तो पुरानी theme को वापस लगा लीजिये.

पोस्टों पर टैग/ लेबल लगाना Putting tags/ labels on blog posts

ब्लॉग में जब पोस्टें जुड़ती जाती हैं तो सामान्य तौर पर दिनांक के हिसाब से लगती रहती हैं - पुरानी पोस्ट नीचे जाती रहती हैं  और नई पोस्टें उनके ऊपर लगती रहती हैं. लेकिन जब कोई आपकी पुरानी पोस्टों को पढ़ना चाहता है तो वह ये नहीं जानना चाहता कि 5 साल पहले जनवरी की 2 तारीख को आपने क्या लिखा था, उसको चाहिए कि किसी एक विषय पर आपने क्या लिखा है. इसके लिए हम पोस्टों पर टैग या लेबल (tag/ label) लगा देते हैं और फिर उन लेबल्स को सामने रख देते हैं जैसा कि हमने ऋतु के ब्लॉग में किया है: इसमें  बाईं ओर 'विषय-वार पोस्ट संग्रह' के नीचे जो विषय हैं उनपर क्लिक करेंगे तो उन-उन विषयों की सारी पोस्टें आपको दिख जाएंगी.

अगर आप इस बारे में नहीं जानते तो आपको एक उदाहरण देते हैं. आप जिस वेबसाइट पर हैं, उसके शीर्षक के नीचे दिए हुए बटनों में से SOCIAL MEDIA को दबाएं. आपको जो पोस्टें दिख रही हैं वो सब सोशल मीडिया पर हमारी पोस्टें हैं. वो सब वहां इसलिए दिख रही हैं कि इन सब पोस्टों पर हमने 'SOCIAL MEDIA' लेबल लगाया है और मेनू बार में सोशल मीडिया लेबल की पोस्टों को link कर दिया है. किसी भी पोस्ट पर लेबल लगाने लिए  को edit करने वाले मेनू पर जाइये (Post मेनू पर जा कर उस पोस्ट को select करिये). पोस्ट के दाहिने हाथ पर Label लिखा होगा. इसके नीचे  box पर मन-चाहा लेबल लगा दीजिये और Done बटन दबा दीजिये.

मोबाइल पर आपका ब्लॉग Your blog on mobile phones

जब आपका ब्लॉग साफ़-सुथरा होता है तो मोबाइल पर बहुत सुन्दर और साफ़ दिखता है और उसे पढ़ना आसान होता है. साथ में दिया हुआ चित्र देखिए.


Hindi quality blog on mobile
मोबाइल पर ऋतु का ब्लॉग: कितना साफ़-सुथरा!

ब्लॉग की सामग्री को सुरक्षित रखना Securing your blog's assets

ब्लॉग को स्टोर (बैकअप) करना ज़रूरी है अगर आप अपने पुराने ब्लॉग में बड़े बदलाव ला रहे हैं, जैसे कि उसकी html में परिवर्तन कर रहे हैं या कोई code जोड़ रहे हैं.  ब्लॉग का layout बहुत बदल रहे हैं (तीन कॉलम के बदले एक या दो ही कॉलम रख रहे हैं) तो भी पुराने ब्लॉग को सम्हाल कर रखना ज़रूरी है. अगर ब्लॉग को export / import करना हो तब भी ब्लॉग को बैकअप कर लें. अगर

आप ब्लॉग की theme में बदलाव कर रहे हैं तो ब्लॉग की Theme को सेव करने के लिए आपको Theme  मेनू [चित्र 2] में दाहिनी ओर Backup/ Restore बटन दबाना है. अगर काम करते करते कोई ऎसी गलती हो गई  कि सब कुछ अगड़म-बगड़म हो गया तो इसी बटन की मदद से सेव की हुई Theme को फिर से लगा सकते हैं.

हालांकि यहाँ हम ऐसा कुछ नहीं कर रहे हैं जिससे Template या फिर ब्लॉग की सामग्री को कोई नुक्सान पहुँच रहा हो, लेकिन जब बात चली है ब्लॉग को सुरक्षित रखने की तो बता दें की ब्लॉगर पर सारी पुरानी पोस्टों को एक स्टेप में स्टोर कर सकते हैं. इस पोस्ट पर हमने इसे विस्तार से बताया है: Saving a Blog अगर संक्षेप में कहें तो Settings [चित्र 1] और फिर Other पर जाकर Export Blog को क्लिक करना है.

 आशा है आपको इस पोस्ट से अपना ब्लॉग संवारने में मदद मिली होगी.